84 फीट ऊंची भगवान आदिनाथ की प्रतिमा का 1008 कलश से किया जलाभिषेक बावनगजा।
![]() |
| बावनगजा श्री आदिनाथ भगवान |
दिगंबर जैन सिद्ध क्षेत्र बावनगजा पर विराजित विश्व की पहली सबसे बड़ी भगवान आदिनाथ की प्रतिमाका शुक्रवार दोपहर को मोक्ष कल्याणक पर महा मस्तकाभिषेक हुआ । निर्वाण लाड़ चढ़ाया गया। यह कार्यक्रम परम पूज्य आचार्य शिरोमणि विद्यासागरजी महाराज के शिष्य मुनि श्री अक्षय सागर जी के ससंघ सानिध्य में हुआ। शुक्रवार सुबह नित्य पूजन के साथ विभिन्न धार्मिक आयोजन हुए। सुबह 11 बजे तलहटी से भगवान आदिनाथ के चरणों तक मुनिश्री के संघ सहित जुलूस निकाला गया। ध्वजारोहण के बाद मुनिश्री ने धर्मसभा को संबोधित किया। इसके बाद दोपहर को भगवान आदिनाथ का 1008 कलश से जलाभिषेक कर महाआरती की गई। इस दौरान बड़ी संख्या में समाज के लोग शामिल हुए। आयोजन में प्रथम अभिषेक बाकानेर और इंदौर के दोषी परिवार ने किया।

0 टिप्पणियाँ